रायपुर, 23 अप्रैल 2026छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य में सिंचाई व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए रायगढ़ जिला अंतर्गत केलो परियोजना की शरदा वितरक नहर के सुदृढ़ीकरण के लिए 3 करोड़ 56 लाख 72 हजार रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की है। यह राशि नहर के आधुनिकीकरण और पानी की बेहतर उपलब्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से दी गई है।जल संसाधन विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार, शरदा वितरक नहर के आर.डी. 0 मीटर से 5000 मीटर तक सीमेंट कांक्रीट लाइनिंग का कार्य कराया जाएगा। इस लाइनिंग का सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि नहर से होने वाला पानी का रिसाव कम होगा, जिससे पानी की बर्बादी रुकेगी और अधिक क्षेत्र तक सिंचाई संभव हो सकेगी।
क्या है केलो परियोजना का महत्व?
केलो परियोजना रायगढ़ जिले के किसानों के लिए एक प्रमुख सिंचाई स्रोत है। इस परियोजना के जरिए बड़ी संख्या में कृषि भूमि को पानी उपलब्ध कराया जाता है। लेकिन समय के साथ नहरों में रिसाव और संरचनात्मक कमजोरियों के कारण कई इलाकों में सिंचाई प्रभावित हो रही थी।
740 हेक्टेयर की कमी होगी पूरी
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, इस योजना के अंतर्गत कुल 1113.92 हेक्टेयर सिंचाई क्षेत्र निर्धारित है, लेकिन वर्तमान में करीब 740.92 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई की कमी बनी हुई है। प्रस्तावित लाइनिंग कार्य पूरा होने के बाद इस कमी को दूर कर पूरे निर्धारित क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।किसानों को मिलेगा सीधा फायदाइस परियोजना के पूरा होने से:खेतों तक पानी की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित होगी
फसल उत्पादन में वृद्धि होगी
सूखे की स्थिति में राहत मिलेगी
किसानों की लागत घटेगी और आय बढ़ने की संभावना बनेगी
जिम्मेदारी सौंपी गई
इस कार्य के लिए मुख्य अभियंता, मिनीमाता (हसदेव) बांगो परियोजना, बिलासपुर को प्रशासनिक जिम्मेदारी दी गई है। विभागीय स्तर पर जल्द ही टेंडर और कार्य प्रारंभ होने की प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है।








